NCERT Solutions For Class 10 Hindi Kshitij Chapter 10 नेताजी का चश्मा - Cbsestudyguru

NCERT Solutions for Class 10 Hindi Kshitij Chapter 10 नेताजी का चश्मा

Class 10 Hindi Kshitij Chapter 10 नेताजी का चश्मा

NCERT Solutions for Class 10 Hindi Kshitij Chapter 10 नेताजी का चश्मा, (हिंदी)परीक्षा में राज्य बोर्ड और सीबीएसई स्कूलों में से कुछ में एनसीईआरटी की किताबों के माध्यम से छात्रों को पढ़ाया जाता है के रूप में अध्याय एक अंत शामिल है, वहां एक अभ्यास के लिए छात्रों को मूल्यांकन के लिए तैयार सहायता प्रदान की है छात्रों को उन अभ्यासों को बहुत अच्छी तरह से स्पष्ट करने की जरूरत है क्योंकि बहुत पिछले उन लोगों से पूछा भीतर सवाल

कई बार, छात्रों के अभ्यास के भीतर अटक जाते है और सवालों के सभी स्पष्ट करने में सक्षम नहीं हैं छात्रों को सभी प्रश्नों को हल करने और अपनी पढ़ाई को संदेह के साथ बनाए रखने में सहायता करने के लिए, हमने सभी कक्षाओं के लिए छात्रों के लिए स्टेप एनसीईआरटी सॉल्यूशंस द्वारा कदम प्रदान किए हैं। इन उत्तरों को इसी तरह छात्रों की सहायता और सवालों का सही जवाब देने के तरीके के रूप में ठीक से सचित्र समाधानों की सहायता से बेहतर अंक स्कोरिंग में छात्रों की मदद मिलेगी

NCERT Solutions for Class 10 Hindi Kshitij Chapter 10 नेताजी का चश्मा

Class 10 Hindi Kshitij Chapter 10 नेताजी का चश्मा

पाठ्य-पुस्तक के प्रश्न-अभ्यास

 

प्रश्न 1. सेनानी न होते हुए भी चश्मे वाले को लोग कैप्टन क्यों कहते थे ?

उत्तर– सेनानी न होते हुए भी चश्मे वाले को लोग कैप्टन इसलिए कहते थे क्योंकि वह आजाद हिन्द फौज की स्थापना करने वाले महान सेनानी नेता जी सुभाषचन्द्र बोस की प्रतिमा के प्रति उसके मन में श्रद्धा भाव था , उसके अन्दर देश के शहीदों के लिए सम्मान था ।

प्रश्न 2 . हालदार साहब ने ड्राइवर को पहले चौराहे पर गाड़ी रोकने के लिए मना किया था , लेकिन बाद में तुरंत रोकने को कहा-

( क ) हालदार साहब पहले मायूस क्यों हो गए थे ?

( ख ) मूर्ति पर सरकंडे का चश्मा क्या उम्मीद जगाता है ?

( ग ) हालदार साहब इतनी – सी बात पर भावुक क्यों हो उठे ?

उत्तर– ( क ) हालदार साहब पहले मायूस इसलिए हो गए थे क्योंकि कैप्टन चश्मे वाले की मृत्यु हो जाने के पश्चात् नेता जी की प्रतिमा की आँखों पर चश्मा नहीं होगा । हालदार साहब को प्रतिमा की आँखों पर नए नए चश्मे देखने की आदत पड़ गई थी , उन्हें प्रतिमा बिना चश्मे के अच्छी नहीं लगती थी तथा उन्हें लगता था कि अन्य कोई देशभक्त कस्बे में नहीं है ।

( ख ) मूर्ति पर सरकंडे का चश्मा उम्मीद जगाता है कि जब तक इस देश के निर्माण में अपने – अपने तरीके से बड़े ही नहीं बच्चे भी योगदान करने के लिए तैयार हैं तब तक हमारे देश का कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता ।

( ग ) हालदार साहब नेता जी की प्रतिमा पर सरकंडे का चश्मा लगा हुआ देखकर इसलिए भावुक हो उठे क्योंकि उन्हें लगने लगा कि आज की इस नई कौम में भी कुछ बच्चे और बड़े ऐसे हैं जो देश की खातिर अपना सब कुछ समर्पित कर देश भक्तों के प्रति अपने दिल में सम्मान की भावना रखते हैं ।

प्रश्न 3. आशय स्पष्ट कीजिए ” बार – बार सोचते , क्या होगा उस कौम का जो अपने देश की खातिर घर – गृहस्थी जवानी जिंदगी सब कुछ होम देने वालों पर भी हँसती है और अपने लिए बिकने के मौके ढूँढ़ती है । ”

उत्तर– हालदार साहब को पान वाले द्वारा उसकी व्यंग्य वाणी से एक देशभक्त का मजाक उड़ाया जाना अच्छा नहीं लगा । वे बार – बार सोचने लगे कि आज की युवा पीढ़ी के दिल में अपने देश और देशभक्तों के प्रति श्रद्धा बिल्कुल समाप्त हो गयी है , उन देशभक्तों के प्रति जिन्होंने अपने देश और देशवासियों की खुशहाली के लिए अपना घर , सम्पूर्ण जीवन दाँव पर लगा दिया , उन्हीं पर यह पीढ़ी हँसती है और व्यंग्य करती है । अगर मौका मिले तो उन्हीं देशभक्तों के नाम पर अपना उल्लू सीधा करने से भी नहीं चूकते ।

प्रश्न 4. पानवाले का एक रेखाचित्र प्रस्तुत कीजिए ।

उत्तर– पानवाला हर वक्त पान चबाने वाला एक ऐसा व्यक्ति है जो ग्राहकों को पान तो खिलाता ही है पर खुद भी एक के बाद दूसरा पान मुँह में ढूँसे रहता है । उसका शरीर नाटा , काला तथा पेट मटके के समान बाहर निकला हुआ है । किसी से बात करने से पहले वह आँखों ही आँखों में हँसता है और हँसते ही उसकी तोंद थिरक उठती है , फिर पान की पीक को थूकता है और तब मुस्कराकर बात करता है , उसके मुस्कराते ही उसकी लाल और काली बत्तीसी दिखाई दे जाती है । वार्तालाप खत्म हो जाने के पश्चात् वह दूसरा पान पुन : अपने मुँह में ढूँस लेता है । पान वाला धोती और कुर्ता पहनता है ।

प्रश्न 5 . ” वो लँगड़ा क्या जायेगा फौज़ में पागल है पागल ? ”

कैप्टन के प्रति पानवाले की इस टिप्पणी पर प्रतिक्रिया लिखिए ।

उत्तर– पानवाले के कैप्टन के प्रति उक्त विचार अच्छे नहीं हैं क्योंकि देशभक्ति के लिए दोनों पैर होना जरूरी नहीं है या फौज़ में जाना जरूरी नहीं है । देशभक्ति हम अपनी सामर्थ्य और अपने – अपने तरीके से भी कर सकते हैं – अगर हम अपने देश की सभ्यता – संस्कृति जीव – जन्तुओं पशु – पक्षियों प्रकृति से प्रेम करते हैं और उनकी समृद्धि में अपना योगदान देते हैं तो उसे भी देशभक्ति हो ह और कैप्टन चश्मे वाले को देशभक्ति भी इसी श्रेणी की देशभक्ति में शामिल है । वहीं मानवाले द्वारा कैप्टन का इस प्रकार उड़ाना उसकीस्वार्थपरता को दर्शाता है ।

रचना और अभिव्यक्ति

प्रश्न 6. निम्नलिखित वाक्य पात्रों की कौन सी विशेषता की ओर संकेत करते हैं-

( क ) हलदार साह हमेशा चौराहे पर रुकते और नेताजी को निहारते ।

( ख ) पानवाला उदास हो गया । उसने पीछे मुड़कर मुंह का पान नीचे चूका और सिर झुकाकर अपनी धोती के सिरे से आं हुष कैप्टन भर गया ।

( ग ) कैप्टन बार – बार मूर्ति पर चश्मा लगा देता था ।

उत्तर– ( क ) हालदार साहम हमेशा चौराहे पर रुकते और नेताजी को निहारते , ये नेता जी सुभाष चन्द्र बोस द्वारा देश के लिये किये गये कार्यों से उनकी देशभक्ति से प्रभावित थे । हालदार साहब के दिल में नेजाजी के लिये सम्मान की भावना थी ।

( ख ) पानवाले का कैप्टन की मृत्यु की बात बताते हुए उदास हो जाना और आँसू पोंछना यह दर्शाता है कि पानवाले के मन में कहाँ कहाँ आत्मीयता और श्रद्धा की भावना थी । यह भी एक संवेदनशील व्यक्ति है । कॅप्टन बार – बार नेताजी की मूर्ति पर चश्मा लगा देता था क्योंकि उसे नेतालो बिना चश्मे के अच्छे नहीं लगते , जिस प्रकार एक भक्त को अपना भगवान पूर्ण मुंगार में अच्छा लगता है । उसी प्रकार कैप्टन के लिए नेताजी भी भगवान के सदृश्य थे इसीलिये

( ग ) यह नेता जी की मूर्ति पर बार – बार चश्मा लगा देता था । इससे कॅप्टन की देश व देशभक्तों के प्रति प्रेम व श्रद्धा की भावन चलता है ।

प्रश्न 7. जब तक हलदार साहब ने कैप्टन को साक्षात् देखा नहीं था तब तक उनके मानस पटल पर उसका कौन – सा चित्र रहा होगा , अपनी कल्पना से लिखिए ।

उत्तर– जब तक हालदार साहब ने कैप्टन को सालात देखा नहीं था तब तक उनके मानस पटल पर एक स्वस्थ हष्ट – पुष्ट व्यक्ति का चित्र उन्होंने सोचा था कि हो सकता है कैप्टन आजाद हिन्द फौज का भूतपूर्व सिपाही हो ।

प्रश्न 8. कस्बों , शहरों , महानगरों के चौराहों पर किसी न किसी क्षेत्र के प्रसिद्ध व्यक्ति की मूर्ति लगाने का प्रचलन – सा हो गया है

( क ) इस तरह की मूर्ति लगाने के क्या उद्देश्य हो सकते हैं ?

( ख ) आप अपने इलाके के चौराहे पर किस व्यक्ति की मूर्ति स्थापित करवाना चाहेंगे और क्यों ?

( ग ) उस मूर्ति के प्रति आपके एवं दूसरे लोगों के क्या उत्तरदायित्व होने चाहिए ?

उत्तर ( क ) इस तरह की मूर्ति लगाने का उद्देश्य होता है कि उम्र व्यक्ति के द्वारा किये गये महान कार्यों को स्मरण कर हम उन्हें अपने जीवन में उतारें , देश – समाज – धर्म एवं जाति के प्रति अपने उत्तरदायित्व को समझें ।

( ख ) हम अपने इलाके के चौराहे पर पं . सत्यनावण ‘ कविरत्न ‘ जी की मूर्ति स्थापित करवाना चाहेंगे क्योंकि वे हमारे ही इलाके ताजगंज के निकट श्रीधपुरा गाँव के थे । सत्यनारायण जी का व्यक्तित्व भोले – भाले ग्रामीण , बृजवासी का व्यक्तित्व था । उन ” रंग और अमरदूत जैसी उच्चकोटि की रचनाएँ की ।

( ग ) उस मूर्ति के प्रति सभी लोगों का उत्तरदायित्व होना चाहिए कि उसकी साफ – सफाई पर ध्यान दिया जाए , मूर्ति को किसी के द्वारा राति के जन्म दिन पर विशेष आयोजन कर माल्यार्पण की व्यवस्था की जाए तथा उसके आदशों से प्रेरणा ग्रहकर उनका पालन करें ।

प्रश्न 9. सीमा पर तैनात फ़ौजी ही देश – प्रेम का परिचय नहीं देते । हम सभी अपने दैनिक कार्यों में किसी – न – किसी रूप में देश – प्रेम प्रकट करते हैं , जैसे- सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान न पहुंचाना , पर्यावरण संरक्षण आदि । अपने जीवन जगत से जुड़े ऐस और कार्यों का अपनेगा कीजिए और का पर अमल भी कीजिए ।

उत्तर – निम्नांकित कार्यों को करके भी देश – प्रेम प्रकट कर सकते हैं-

1. देश की सभ्यता – संस्कृतिको सुरक्षा करके ।

2. जल – संरक्षण करके ।

3 . प्रदूषण को कर

4 . राष्ट्रगीत राष्ट्रगान तथा राष्ट्र का सम्मान करती ।

5 . देशभक्त तथा क्रान्तिकारियों का सम्मान करके ।

6. देश की महान भूतियों का सम्मान करके ।

प्रश्न 10 . निम्नलिखित पंक्तियों में स्थानीय बोली का प्रभाव स्पष्ट दिखाई देता है । आप इन पंक्तियों की मानक हिन्दी में लिखिए – कोई गिराक आ गया समझो । उसको चौड़े फ्रेम चाहिए तो कैप्टन किदर से लाएगा ?

तो उसको मूर्तिवाला दे दिया । उधर दूसरा बिठा दिया ।

उत्तर – कोई ग्राहक आ गया । उसको चौड़ा फ्रेस चाहिए , तो कैप्टन कहाँ से लायेगा ? तो उसकी मूर्ति वाला चश्मा दे देता है और मूर्ति को दूसरा चश्मा पहना देता है ।

प्रश्न 11. ‘ भई खूब ! क्या आइडिया है । ‘ इस वाक्य को ध्यान में रखते हुए बताइए कि एक भाषा में दूसरी भाषा के शब्दों के आने से क्या लाभ होते हैं ?

उमर– एक भाषा में दूसरी भाषा के शब्द आने से भाषा का विस्तार होता है । जिस भाषा में लचीलापन होता है , उस भाषा में दूसरी भाषा के शब्द आसानी से प्रवेश कर जाते हैं और ऐसा करने में उस भाषा का विषय क्षेत्र विस्तृत हो जाता है ।

भाषा – अध्ययन

प्रश्न 12. निम्नलिखित वाक्यों से निपात छाँटिए और उनसे नए वाक्य बनाइए –

( क ) नगरपालिका थी तो कुछ न कुछ करती भी रहती थी ।

( ख ) किसी स्थानीय कलाकार को ही अवसर देने का निर्णय किया गया होगा ।

( ग ) यानी चश्मा तो था , लेकिन संगमरमर का नहीं था ।

( घ ) हालदार साहब अब भी नहीं समझ पाए ।

( ङ ) दो साल तक हालदार साहब अपने काम के सिलसिले में उस कस्बे से गुजरते रहे ।

उमर– निपात –

( क ) भी-

( ख ) ही-

( ग ) तो-

( घ ) भी-

( ङ ) तक-

नए वाक्य –

( क ) कल राम भी आयेगा ।

( ख ) मोहन हॉकी ही खेलता है ।

( ग ) कृष्ण पढ़ता तो है ।

( घ ) वह मुम्बई भी जायेगा ।

( ङ ) तुमने पत्र तक नहीं लिखा ।

प्रश्न 13. निम्नलिखित वाक्यों को कर्मवाच्य में बदलिए

( क ) वह अपनी छोटी – सी दुकान में उपलब्ध गिने – चुने फ्रेमों में से नेताजी की मूर्ति पर फिट कर देता है ।

( ख ) पानवाला नया पान खा रहा था ।

( ग ) पानवाले ने साफ़ बता दिया था ।

( घ ) ड्राइवर ने जोर से ब्रेक मारे ।

( ङ ) नेताजी ने देश के लिए अपना सब कुछ त्याग दिया ।

( च ) हालदार साहब ने चश्मे वाले की देशभक्ति का सम्मान दिया ।

उत्तर

( क ) उसके द्वारा अपनी छोटी – सौ दुकान में उपलब्ध गिने – चुने फ्रेमों में से नेताजी की मूर्ति पर फिट कर दिया जाता है ।

( ख ) पानवाले द्वारा नया पान खाया जा रहा था ।

( ग ) पानवाले द्वारा साफ बता दिया गया था ।

( घ ) ड्राइवर द्वारा जोर से ब्रेक मारे गये ।

( ङ ) नेताजी द्वारा देश के लिए अपना सब कुछ त्याग दिया गया ।

( च ) हालदार साहब द्वारा चश्मे वाले की देशभक्ति का सम्मान किया गया ।

प्रश्न 14. नीचे लिखे वाक्यों को भाववाच्य में बदलिए-

( क ) माँ बैठ नहीं सकती ।

( ख ) मैं देख नहीं सकती ।

( ग ) चलो , अब सोते हैं ।

( घ ) माँ से भी नहीं सकती ।

उत्तर

( क ) माँ से बैठा नहीं जाता ।

( ख ) मुझसे देखा नहीं जाता ।

( ग ) चलो , अब सोया जाये ।

( घ ) माँ से रोया भी नहीं जाता ।

पाठेतर सक्रियता

प्रश्न 1. लेखक का अनुमान है कि नेताजी की मूर्ति बनाने का काम मजबूरी में ही स्थानीय कलाकार को दिया गया ।

( क ) मूर्ति बनाने का काम मिलने पर कलाकार के क्या भाव रहे होंगे ?

( ख ) हम अपने इलाके के शिल्पकार , संगीतकार , चित्रकार एवं दूसरे कलाकारों के काम को कैसे महत्त्व और प्रोत्साहन दे सकते हैं , लिखिए ।

उत्तर – ( क ) मूर्ति बनाने का काम मिलने पर कलाकार बहुत ही प्रसन्न और उत्साहित हुआ होगा । वह स्वयं पर और अपनी कला पर महसूस कर रहा होगा , जिसकी वजह से उसे आज नेताजी सुभाषचन्द्र बोस जैसे देशभक्त की मूर्ति बनाने का काम मिला

( ख ) हम अपने इलाके के शिल्पकार , संगीतकार , चित्रकार एवं दूसरे कलाकारों के काम को महत्त्व और प्रोत्साहित करने के लिए समय – समय पर उस विषय से सम्बन्धित कार्यशाला का आयोजन , प्रदर्शनी , कला आयोजन तथा संगीत सभा और कह सम्मेलन कर उनकी प्रतिभा को और निखरने का अवसर प्रदान कर सकते हैं ।

प्रश्न 2. आपके विद्यालय में शारीरिक रूप से चुनौतीपूर्ण विद्यार्थी हैं । उनके लिए विद्यालय परिसर और कक्षा – कक्ष में किस तरह के प्रावधान किये जायें , प्रशासन को इस संदर्भ में पत्र द्वारा सुझाव दीजिए ।

उत्तर– सेवा में ,

प्रधानाचार्य ,

डी . ए . वी . विद्यालय ,

नई दिल्ली ।

महोदय ,

मैं आपका ध्यान अपने विद्यालय के चुनौतीपूर्ण विद्यार्थियों की ओर दिलाना चाहता हूँ । दुर्भाग्य से कुछ छात्र टाँगों से और कुछ आँखों से लाचार हैं । अत : विद्यालय का कर्तव्य है कि वह उनके लिए कुछ व्यवस्थाएँ करे जैसे बरामदों पर चढ़ने के लिए सीढ़ियों के बीच में रेप बनवाए जाएँ । अंधे छात्रों के लिए ब्रेल लिपि की पुस्तकें मँगवाई जायें । आशा है , आप इनकी ओर अवश्य ध्यान देंगे ।

धन्यवाद ।

आपका आज्ञाकारी शिष्य

नवीन गौतम ,

कक्षा – दशम ‘ क ‘

दिनांक : 13.7.20XX

प्रश्न 3. कॅप्टन फेरी लगाता था ।

फेरी वाले हमारे दिन – प्रतिदिन की बहुत – सी जरूरतों को आसान बना देते हैं , फेरीवालों के योगदान व समस्याओं पर एक सम्पादकीय लेख तैयार कीजिए ।

उत्तर– भारत में प्राचीनकाल से ही फेरीवालों का योगदान रहा है । वे घूम घूमकर माल बेचते हैं और घर पर लोगों की जरूरतों को पूर्ति करते हैं । इससे लोगों के समय व धन की बचत होती है । लोग इन्हें व्यापारी से नीचा दर्जा देते हैं । सरकार भी व्यापारियों की तरह फेरी वालों को कोई सुविधा प्रदान नहीं करती है । सुविधाओं के अभाव में ही इन्हें अपने कंधों पर बोझ ढ़ोना पड़ता है । सरकार को चाहिए कि वह इनकी समस्याओं पर विचार करें तथा आवश्यक सुविधाओं का प्रबन्ध करे , जिससे इनकी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ हो सके ।

प्रश्न 4 . नेताजी सुभाष चन्द्र बोस के व्यक्तित्व और कृतित्व पर एक प्रोजेक्ट बनाइए ।

उत्तर – छात्र स्वयं करें ।

प्रश्न 5 . अपने घर के आस – पास देखिए और पता लगाइए कि नगरपालिका ने क्या – क्या काम करवाए हैं ? हमारी भूमिका उसमें क्या हो सकती है ?

उत्तर– छात्र स्वयं करें ।

 

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